Tuesday, May 26, 2026

एलडीए का टुंडे कबाबी पर कड़ा प्रहार, उर्वशी शर्मा की शिकायतों से खुलीं अनियमितताएँ; मोहम्मद उसमान और संचालकों पर उठे गंभीर प्रश्न

Lucknow / Tuesday, 26 May 2026………….

लखनऊ में चर्चित खाद्य प्रतिष्ठान टुंडे कबाबी एक बार फिर विवादों के केंद्र में है। समाजसेविका एवं आरटीआई कार्यकत्री राजाजीपुरम निवासी उर्वशी शर्मा  द्वारा विभिन्न सरकारी विभागों में लगातार की जा रही शिकायतों के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण द्वारा टुंडे कबाबी के कई प्रतिष्ठानों के विरुद्ध विधिक कार्यवाहियां प्रारम्भ की गई हैं।

 

एलडीए की विभिन्न निस्तारण आख्या से यह स्पष्ट हुआ है कि टुंडे कबाबी के कई प्रतिष्ठानों में भवन मानचित्र, निर्माण स्वीकृति तथा संरचनात्मक वैधता को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े हुए हैं। इन प्रकरणों में टुंडे कबाबी से जुड़े संचालकों तौसीफ जहां, मोहम्मद उसमान, मोहम्मद सलमान तथा अन्य संबंधित व्यक्तियों पर यह आरोप लग रहे हैं कि उन्होंने निजी लाभ के लालच में ऐसे भवनों में व्यापार संचालित किया, जिनकी वैधता और संरचनात्मक सुरक्षा पर सरकारी स्तर पर जांच और कार्यवाही चल रही है।

 

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि किसी भवन का निर्माण स्वीकृत मानचित्रों के अनुरूप नहीं है अथवा वह विधिक परीक्षण के अधीन है, तो वहां प्रतिदिन आने वाले ग्राहकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता उत्पन्न होना स्वाभाविक है। लोगों का मानना है कि व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को केवल निजी लाभ कमाने का माध्यम नहीं, बल्कि सार्वजनिक सुरक्षा और कानून के अनुपालन की जिम्मेदारी के साथ-साथ अपनी  सामाजिक जिम्मेदारी भी समझनी चाहिए

 

प्रतिष्ठानवार एलडीए की कार्यवाहियां

1. कपूरथला रोड स्थित टुंडे टावर्स प्रतिष्ठान

कपूरथला रोड, नोवेल्टी सिनेमा के पास, सेक्टर-एफ, अलीगंज स्थितटुंडे टावर्सके संबंध में एलडीए की निस्तारण आख्या में उल्लेख किया गया कि पूर्व से निर्मित एवं संचालित परिसर के विरुद्ध ऑनलाइन प्रतिवेदन संख्या जेड-4/00006887 दिनांक 05.02.2026 के आधार पर वाद संस्थित करने हेतु चालानी आख्या भेजी गई। इसके क्रम में ऑनलाइन वाद संख्या एलडीए/जेड-4/एएनआई/2026/0006805 दिनांक 17.02.2026 को पंजीकृत किया गया, जो वर्तमान में विहित प्राधिकारी न्यायालय में विचाराधीन है। एलडीए ने स्पष्ट किया कि न्यायालय द्वारा पारित आदेशों का अनुपालन किया जाएगा।

 

2. अमीनाबाद स्थित प्रतिष्ठान पर दो-दो वाद

168/6 एवं 168/8, पुराना नजीराबाद रोड, मोहन मार्केट, खयालीगंज, अमीनाबाद स्थित टुंडे कबाबी प्रतिष्ठान के संबंध में निस्तारण आख्या में बताया गया कि निर्माण के विरुद्ध ऑनलाइन संगणकीकृत वाद संख्या 7186/2026 विहित प्राधिकारी न्यायालय में विचाराधीन है। साथ ही धारा 27(1) एवं 28(1) के अंतर्गत ऑनलाइन संगणकीकृत वाद संख्या 6409/2026 भी संस्थित किया गया है। यह मामला भी न्यायालय में लंबित है।

 

3. हरदोई रोड स्थित प्रतिष्ठान

78/1, ग्राम बरौरा, हुसैनबाड़ी, हरदोई रोड स्थित टुंडे कबाबी प्रतिष्ठान के मामले में एलडीए ने पक्षकार को स्वीकृत मानचित्र प्रस्तुत करने हेतु पत्र संख्या 551/सहा०अभि०/जोन-7(प्र०)/2026 दिनांक 20.04.2026 जारी किया है।

 

4. लुलु मॉल स्थित इकाई

लुलु मॉल लखनऊ के द्वितीय तल स्थित इकाई संख्या एक्स-006 एवं एक्स-007 के संबंध में एलडीए ने 22.04.2026 को संबंधित पक्ष को पत्र जारी कर आवश्यक अभिलेख एवं प्रपत्र उपलब्ध कराने को कहा है। एलडीए ने स्पष्ट किया कि दस्तावेजों के परीक्षण के बाद विधिक प्रक्रिया के अनुरूप आगे की कार्यवाही की जाएगी।

 

5. घंटाघर हुसैनाबाद स्थित प्रतिष्ठान

दुकान संख्या-5, घंटाघर, हुसैनाबाद क्लॉक टॉवर स्थित प्रतिष्ठान के संबंध में भी एलडीए द्वारा पक्षकार को स्वीकृत मानचित्र प्रस्तुत करने हेतु पत्र संख्या 551/सहा०अभि०/जोन-7(प्र०)/2026 दिनांक 20.04.2026 भेजा गया है।

 

उर्वशी शर्मा के साहस की व्यापक चर्चा

इन समस्त प्रकरणों में समाजसेविका एवं आरटीआई कार्यकत्री उर्वशी शर्मा की भूमिका विशेष रूप से चर्चा में है। नागरिकों के बीच यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि तौसीफ जहां, मोहम्मद उसमान, मोहम्मद सलमान, मोहम्मद उसमान के अन्य पुत्रों, कथित भाड़े के गुंडों तथा टुंडे के टुकड़ों पर पलने वाले कथित पत्रकारों की धमकियों और दबावों के बावजूद उर्वशी शर्मा लगातार सरकारी विभागों में शिकायतें देकर कार्यवाहियां करा रही हैं।

 

लोगों का कहना है कि प्रभावशाली व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के विरुद्ध शिकायत करना आसान नहीं होता, विशेषकर तब जब शिकायतकर्ता को विभिन्न प्रकार के दबावों और भय का सामना करना पड़े। इसके बावजूद उर्वशी शर्मा द्वारा टुंडे कबाबी से संबंधित कथित अनियमितताओं को व्यापक जनहित में निरंतर सार्वजनिक करना प्रशासनिक जवाबदेही और नागरिक साहस का महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है।

 

एलडीए की सक्रियता की सराहना

शहर के अनेक नागरिकों एवं सामाजिक संगठनों ने एलडीए की कार्रवाई की भी सराहना की है। लोगों का कहना है कि यदि किसी भी व्यावसायिक प्रतिष्ठान में निर्माण संबंधी अनियमितताओं की शिकायतें प्राप्त होती हैं, तो नियमानुसार जांच और विधिक कार्रवाई होना आवश्यक है।

 

विशेषज्ञों का मानना है कि सार्वजनिक स्थानों पर संचालित बड़े व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में भवन सुरक्षा, अग्नि सुरक्षा, स्वीकृत मानचित्र तथा विधिक मानकों का अनुपालन केवल कानूनी आवश्यकता नहीं, बल्कि जनसुरक्षा का अनिवार्य दायित्व है।